1

Bewafa Ko Hi Aazmati Hain Wafa Shayari

हर तरफ से यहीं आती है सदा
बेवफ़ा को ही आज़माती है वफ़ा

होने को तो पल भर में हो जाती है
पर बाद में उम्रभर सताती है ख़ता

ग़ैरों को खुश रखने में ये ज़िन्दगी
खुद अपना ही भूल जाती है पता ।

Share This

One Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.